झारखंड में शिक्षा के क्षेत्र में वृद्धि करने और छात्रों का भविष्य उज्जवल करने के लिए सरकार द्वारा विभिन्न प्रकार की योजनाएं शुरू की जा रही है। ताकि झारखंड में हर बच्चे को शिक्षा उपलब्ध कराई जा सके। इसी दिशा में झारखंड सरकार द्वारा विद्यार्थियों को साइकिल प्रदान करने के लिए झारखंड स्कूल छात्र साइकिल योजना को शुरू किया गया है। इस योजना के माध्यम से झारखंड के अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़े वर्ग और अल्पसंख्यक समुदाय के विद्यार्थियों को मुफ्त साइकिल प्रदान की जाएगी। ताकि झारखंड के सुदूर ग्रामीण इलाके से आने वाले बच्चों को पैदल न चलना पड़े। और शिक्षा प्राप्त करने के लिए बच्चों को प्रोत्साहन दिया जा सके। इस योजना का लाभ राज्य के 9 लाख विद्यार्थियों को दिया जाएगा।

हेमंत सरकार विद्यार्थियों के उज्जवल भविष्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है और उनके लिए प्रमुखता से कार्य कर रही है। ऐसे में मुख्यमंत्री के आदेश के बाद सरकार ने सरकारी स्कूलों में अध्ययनरत चार लाख 90 हजार छात्र-छात्राओं को साइकिल खरीदने के लिए 220 करोड़ की राशि बैंक खातों में डीबीटी के जरिये भेजा है। इसमें तीन सत्र के आठवीं कक्षा के छात्र-छात्राएं शामिल हैंइन सत्रों के शेष बचे लगभग तीन लाख 10 हजार लाभार्थी विद्यार्थियों को 29 दिसंबर तक साइकिल खरीदने के लिए उनके बैंक खातों में राशि जमा कर दी जाएगी।
आपकी योजना-आपकी सरकार-आपके द्वार’ के प्रत्येक शिविर एवं विशेष कैंप में छात्र-छात्राओं के बीच साइकिल खरीदने के लिए राशि का वितरण किया जा रहा है। सरकारी स्कूलों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं के बीच साइकिल वितरण के लिए सभी जिलों के उपायुक्तों ने सूची भेजी है।
सभी जिलों को मिलाकर कल्याण विभाग को लगभग आठ लाख योग्य लाभार्थी बच्चों की लिस्ट मिली थी। एसटी, एससी, बीसी एवं अन्य वर्ग के वैसे योग्य बच्चे हैं, जो 2020-21 में आठवीं कक्षा में अध्ययनरत थे वे अभी 11वीं कक्षा में अध्यनरत हैं। इसी प्रकार 2021-22 में आठवीं तथा मौजूद साल में दसवीं तथा 2022-23 में आठवीं एवं मौजूद साल में नौवीं कक्षा के विद्यार्थी हैं। सबकी सूची जिला द्वारा विभाग को भेजी गई है।
एसटी, एससी, ओबीसी और अल्पसंख्यक समुदाय के आठवीं कक्षा के बच्चों को साइकिल देने का प्रावधान है. इसमें दो विभाग शामिल हैं.एसटी, एससी, ओबीसी और अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की यह योजना है. उल्लेखनीय है कि सरकार ने प्रत्येक साइकिल पर 4500 रुपए खर्च करने का प्रावधान रखा है.
